भारत और बांग्लादेश अलग नहीं हैं। वे हजारों वर्षों से सांस्कृतिक, धार्मिक और ऐतिहासिक रूप से एक अखंड इकाई रहे हैं, लेकिन कट्टरपंथी राजनीतिक षड्यंत्रों के कारण यह विभाजन हुआ। आज बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति अत्यंत दयनीय है। उनके लिए भारत और यहां का हिंदू समाज ही आशा की अंतिम किरण है। लेकिन दुर्भाग्यवश, भारत में भी इस सच्चाई की अनदेखी की जा रही है। इस पुस्तक के माध्यम से लेखक ने बांग्लादेश में हिंदुओं के संघर्ष, उनके अस्तित्व की लड़ाई और उन पर हो रहे अन्याय की वास्तविकता को उजागर करने का प्रयास किया है। इतिहास के जिन पन्नों को या तो दबा दिया गया या विकृत कर प्रस्तुत किया गया, उन्हें नए दृष्टिकोण से समाज के सामने रखा गया है। पुस्तक में बांग्लादेश में हिंदुओं की घटती जनसंख्या, मजहबी कट्टरता के बढ़ते प्रभाव और इसके भारत पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों पर विस्तार से चर्चा की गई है। यह पुस्तक केवल घटनाओं का संकलन नहीं है, बल्कि एक सामाजिक चेतना जागृत करने का प्रयास है।
Sale!
Original price was: ₹299.₹270Current price is: ₹270.




देश में आज सामान्य प्रसव दुर्लभ होता जा रहा है। सिजेरियन यानी पेट चीर कर प्रसव कराना अधिक सहज प्रतीत हो रहा है। प्रश्न उठता है कि सिजेरियन प्रसव का दूरगामी प्रभाव क्या है? इस प्रश्न का उत्तर ढूंढने के लिए ही यह मातृत्व स्वास्थ्य सर्वेक्षण किया जा रहा है। इस लिंक पर क्लिक करके गूगल फार्म पर जाएं और अपने उत्तर तथा अनुभव हमसे साझा करें। यह सर्वेक्षण शुद्ध रूप से अकादमिक कार्य हेतु किया जा रहा है। यहाँ आपके द्वारा दी गई जानकारियां सर्वथा गोपनीय रहेंगी और शोध के अतिरिक्त उनका कोई अन्य उपयोग नहीं किया जाएगा।
There are no reviews yet.